मोहना के 50 बच्चे देंगे
जय श्री शिद्ध बाबा की ....जय श्री भूमिया दादा की A beautiful village & sub tehshil In Faridabad District of Haryana State. It is the 22 km from Ballabgarh & 17 km from Plawal. .
रविवार, अक्टूबर 30, 2011
शुक्रवार, अक्टूबर 28, 2011
मोहना में दिवाली मनाई जाती है धूम -धाम से
दिवाली मनाई जाती है धूम -धाम से , इस दिन मोहना बाज़ार में चोखी भीड़ होती है , आस पास के गाँव वाले भी मोहना बाज़ार से पटाखे और मिठाइयाँ खरीदने आते हैं
पारंपरिक ढंग से होती है गोवर्धन की पूजा , दिवाली के एक दिन बाद गोवर्धन की पूजा की जाती है ,
दिवाली के दो दिन बाद मनाते हैं भैया दूज का त्यौहार इस दिन बहन अपने भाई को तिलक लगाकर गोला भेंट करती है
गुरुवार, अक्टूबर 20, 2011
सोमवार, अक्टूबर 17, 2011
बुधवार, सितंबर 28, 2011
मंगलवार, सितंबर 27, 2011
बाढ़ संभावित इलाके में हो रहा है प्लाट आबंटन
बाढ़ संभावित इलाके में हो रहा है प्लाट आबंटन
गावं मोहना में बाढ़ संभावित इलाके में गरीब आवाश योजना के तहत प्लोटों का आबंटन हो रहा है
शुक्रवार, सितंबर 16, 2011
यमुना नदी में छलांग लगाई, अभी तक लापता
यमुना नदी में छलांग लगाई, अभी तक लापता ...
कल गावं मोहना से सोहन लाल (भाट) के पुत्र दीपक (26 -27 ) नाम के लडके ने यमुना नदी में छलांग लगा दी !
पुलिश व गोता खोरों द्वारा लडके की तलाश नदी में जारी ....
सोमवार, सितंबर 12, 2011
गंगा से लापता :-
गंगा नदी से लापता :-
गावं मोहना से श्री चरण सिंह ( फड्डा ) का पौत्र व रमेश का पुत्र "सम्मे" बाबा रामदास के साथ 8 -10 दिन पहले ऋषिकेश स्थित ब्रहम पूरी के आश्रम में भंडारा करने गया था | वहां पर गंगा नदी में नहाते हुए वो लापता हो गया | अभी तक उसका कोई सुराक नहीं मिला है |
सम्मे के बड़े भाई की भी इसी तरह कई साल पहले यमुना नदी में डूबने से मौत हो चुकी है | डूबने के 4-5 दिन बाद गौता खोरों को उसकी लाश पेंटून पुल के ड्रम के नीचे मिली थी |
बुधवार, सितंबर 07, 2011
मंजिलों की ओर..............
मंजिलों की ओर..............
करके किस्मत मुट्ठी में बंद चलता हूँ मैं,
करके किस्मत मुट्ठी में बंद चलता हूँ मैं,
होंसलों के पंख फैलाकर उड़ता हूँ मैं ||
इस कदर दरकिनार हो जाती हैं मंजिलें,
ना करें पुरषार्थ तो खो जाती हैं मंजिलें,
इसलिए हर रश्म मंजिलों को पाने की अदा करता हूँ मैं ||
आजायें चाहे मिश्किलें भी जितनी,
एतबार है मुझे काबिलियत पर अपनी,
इसलिए मुश्किलात के हालात से भी ना डरता हूँ मैं ||
मंजिलों को पाने की चाह है, मेरे मन में,
स्पष्ट है मुकाम तक जाने की रह मेरे मन में,
इसलिए हर कदम मंजिलों की ओर रखता हूँ मैं ||
हर सफ़र आसान है, मुश्किल हर डगर है,
ये रास्तों का नहीं केवल सोच का असर है,
इसलिए सोच अपनी सकारात्मक रखता हूँ मैं ||
करके किस्मत मुट्ठी में बंद चलता हूँ मैं,
होंसलों के पंख फैलाकर उड़ता हूँ मैं,
मंजिलों को पाने की चाह है, मेरे मन में,
इसलिए हर कदम मंजिलों की ओर रखता हूँ मैं ||
-- जितेंदर मोहना ( बिट्टू )
मंगलवार, सितंबर 06, 2011
याद है मुझे ( स्मिर्ति )
याद है मुझे ........
वो तितलियों के पीछे भागना ,
और झुंडों में उलझ कर गिर जाना ||
याद है मुझे ........
वो बादलों की छायाँ के साथ-साथ दौड़ लगाना,
और हमारा उनसे हार जाना ||
याद है मुझे ........
पक्षिओं के पंख मुट्ठी में बंद करके फूँक से उडाना,
और उसे फिर से पकड़ना ||
याद है मुझे ........
जहाज की आवाज सुनते ही घर से बाहर निकल आना,
और जहाज की आवाज से भी ज्यादा सोर मचाना ||
याद है मुझे ........
उडती चीलों को अपनी पतंग बना लेना,
और बिना पतंग और डोर के पेच लड़ाना ||
याद है मुझे ........
पत्थर को यमुना में फेंकना,
और उसे ढूंड लाने के लिए दुबकी लगाना ||
याद है मुझे ........
मोहना की हर मन-मोहनी यादें ,
जो मेरे मन को महका देती हैं ||
......... जितेंदर मोहना ( बिट्टू )
शनिवार, सितंबर 03, 2011
पूर्व सरपंच पूरण सिंह स्वर्ग सिधारे
पूर्व सरपंच पूरण सिंह का देहांत हो गया है, जो की मोजुदा सरपंच दानी के ताऊ जी थे |
उधर दूसरी और पोस्ट मास्टर भूले राम जी भी स्वर्ग सिधार गए हैं |
दुर्घटना :-
भेंस और मोटर साईकिल सवार की टक्कर , भेंस ने मौके पे ही दम तोडा जबकि मोटर साईकिल सवार की हालत नाजुक बताई जा रही है |
बुधवार, अगस्त 31, 2011
मोहना में ईद | ईद और गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं
मोहना में ईद का त्यौहार मनाया गया |
मोहना में मुस्लिम समुदाय के २०-३० घर हैं |
मोहना की मस्जिद व ईद - गाह पर लोगों ने निवाज अदा किया तथा आपस में ईद की मुबारक बाद दी |
मोहना समेत देशभर में बुधवार को ईद-उल-फितर का पर्व मनाया जा रहा है। लोग एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की बधाई दे रहे हैं।
ईद और गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं.......... जितेंदर मोहना ( बिट्टू )
सोमवार, अगस्त 29, 2011
गुरुवार, अगस्त 25, 2011
मंगलवार, अगस्त 23, 2011
श्री कृष्ण जन्म अष्टमी
मोहना मतलब - मन मोह लेने वाला, मन मोहना ( श्री कृष्ण )
लेकिन मोहना गावं में कोई श्री कृष्ण का मंदिर नहीं है |
फिर भी मोहना वासिओं के मन श्री कृष्ण के प्रति बहुत आस्था है |
श्री कृष्ण जन्म अष्टमी के अवसर पर मोहना के मंदिरों को सजाया गया|
आधी रात तक भजन कीर्तन होते रहे और आधी रात को कृष्ण के जन्म के साथ ही लोगों को प्रशाद वितरित किया गया |
गुरुवार, अगस्त 18, 2011
हथिनीकुंड बैराज से भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण मोहना में भी बाढ़ का खतरा
प्रमुख संवाददाता नव भारत टाइम ॥ नई दिल्ली
हथिनीकुंड बैराज से भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण बुधवार को यमुना नदी खतरे के निशान को पार कर गई। नदी के लेवल में लगातार इजाफा हो रहा है। बाढ़ के संभावित खतरे से निपटने के लिए दिल्ली सरकार ने व्यापक इंतजाम किए हैं। संभावना जताई जा रही है कि गुरुवार रात के बाद यमुना के जलस्तर में कमी आनी शुरू हो जाएगी।
मंगलवार को बैराज से दोपहर 2 बजे सबसे अधिक करीब 6.41 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। पानी छोड़ने का आलम यह रहा कि बैराज से लगातार 10 घंटे तक 6 लाख क्यूसेक से अधिक पानी हर घंटे छोड़ा जाता रहा। उसके बाद जलस्तर में कमी आ गई। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार बुधवार दोपहर 1 बजे यमुना का जलस्तर खतरे के निशान 204.83 मीटर को पार कर गया। रात 8 बजे यमुना का जलस्तर 205.08 मीटर तक पहुंच गया था। आयोग का कहना है कि गुरुवार शाम 7 बजे यमुना का स्तर अधिकतम 205.60 मीटर पर पहुंच जाएगा। यह लेवल करीब 5-6 घंटे तक रहेगा, फिर उसके बाद यमुना के स्तर में कमी आनी शुरू हो जाएगी।
आयोग ने संभावना जताई थी कि यमुना का स्तर 206 के आसपास पहुंच सकता है, लेकिन उसका कहना है कि बैराज से छोड़ा गया पानी जब राजधानी में पहुंचा, उस समय यमुना का खतरे के निशान से एक मीटर कम था, जबकि पिछले साल लगभग इतना पानी छोड़े जाने से यमुना का जलस्तर इसलिए अधिक बढ़ गया था, क्योंकि उस वक्त यमुना खतरे के निशान के आसपास बह रही थी। आयोग ने इस बात पर राहत जताई है कि पहाड़ी इलाकों में बारिश अचानक कम हो गई है, इसलिए संभावना जताई जा रही कि आगामी दिनों में बाढ़ का खतरा शायद न रहे।
हथिनीकुंड बैराज से भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण बुधवार को यमुना नदी खतरे के निशान को पार कर गई। नदी के लेवल में लगातार इजाफा हो रहा है। बाढ़ के संभावित खतरे से निपटने के लिए दिल्ली सरकार ने व्यापक इंतजाम किए हैं। संभावना जताई जा रही है कि गुरुवार रात के बाद यमुना के जलस्तर में कमी आनी शुरू हो जाएगी।
मंगलवार को बैराज से दोपहर 2 बजे सबसे अधिक करीब 6.41 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। पानी छोड़ने का आलम यह रहा कि बैराज से लगातार 10 घंटे तक 6 लाख क्यूसेक से अधिक पानी हर घंटे छोड़ा जाता रहा। उसके बाद जलस्तर में कमी आ गई। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार बुधवार दोपहर 1 बजे यमुना का जलस्तर खतरे के निशान 204.83 मीटर को पार कर गया। रात 8 बजे यमुना का जलस्तर 205.08 मीटर तक पहुंच गया था। आयोग का कहना है कि गुरुवार शाम 7 बजे यमुना का स्तर अधिकतम 205.60 मीटर पर पहुंच जाएगा। यह लेवल करीब 5-6 घंटे तक रहेगा, फिर उसके बाद यमुना के स्तर में कमी आनी शुरू हो जाएगी।
आयोग ने संभावना जताई थी कि यमुना का स्तर 206 के आसपास पहुंच सकता है, लेकिन उसका कहना है कि बैराज से छोड़ा गया पानी जब राजधानी में पहुंचा, उस समय यमुना का खतरे के निशान से एक मीटर कम था, जबकि पिछले साल लगभग इतना पानी छोड़े जाने से यमुना का जलस्तर इसलिए अधिक बढ़ गया था, क्योंकि उस वक्त यमुना खतरे के निशान के आसपास बह रही थी। आयोग ने इस बात पर राहत जताई है कि पहाड़ी इलाकों में बारिश अचानक कम हो गई है, इसलिए संभावना जताई जा रही कि आगामी दिनों में बाढ़ का खतरा शायद न रहे।
हथिनीकुंड बैराज से भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण मोहना में भी बाढ़ का खतरा हो सकता है
मंगलवार, अगस्त 16, 2011
मंगलवार, अगस्त 02, 2011
सोमवार, अगस्त 01, 2011
शुक्रवार, जुलाई 29, 2011
यातायात के साधन
यातायात के साधन :-
मोहना से बल्लभगढ़ और पलवल के लिए यातायात के साधन आसानी से उपलब्ध हैं |
गाँव से ३० min में बस की सेवा उपलब्ध है और ऑटो की भी सेवा उपलब्ध है
उत्तरप्रदेश के बारह गांवों में जाने के लिए भी मोहना से ही साधन मिलते हैं |
मोहना से low फ्ल्लोर बस सेवा भी उपलब्ध है जो मोहना से सीधे गुडगाँव जाती है |
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